नए साल में सूर्य से शनि तक सभी ग्रह देंगे शुभ असर, अपनाएं ये 7 सरल और प्रभावी उपाय

WhatsApp Group Join Now
Telegram Group Join Now

नया साल नजदीक आते ही प्रकृति और मौसम के साथ-साथ ग्रहों की स्थिति में भी बड़ा परिवर्तन शुरू हो जाता है। आने वाले महीनों में सूर्य, चंद्रमा, मंगल, बुध, गुरु, शुक्र और शनि जैसे महत्वपूर्ण ग्रह अपनी चाल बदलेंगे, जिनका प्रभाव जीवन, विचार, रिश्तों, करियर और मानसिक संतुलन पर पड़ सकता है।
ऐसे समय में ग्रहों की ऊर्जा को संतुलित रखना बेहद जरूरी हो जाता है, ताकि नए साल का प्रभाव सकारात्मक रूप से महसूस हो सके। परंपराओं और अनुभव पर आधारित कुछ साधारण उपाय रोज़मर्रा की जिंदगी में अपनाकर व्यक्ति अपने आत्मविश्वास, आर्थिक स्थिति, रिश्तों और मन की शांति को बेहतर कर सकता है।

नीचे सातों ग्रहों के आसान और भरोसेमंद उपाय दिए जा रहे हैं—

1. सूर्य के लिए उपाय

कमजोर सूर्य आत्मविश्वास में कमी, करियर में अस्थिरता और वरिष्ठों से संबंध बिगाड़ सकता है।
उपाय:

  • रोज सुबह सूर्योदय के समय तांबे के लोटे से जल अर्पित करें।
  • गायत्री मंत्र या आदित्य हृदय स्तोत्र का पाठ करें।
  • पिता समान लोगों का सम्मान और नियमित समय पर जागने की आदत सूर्य को मजबूत करती है।

2. चंद्रमा के लिए उपाय

अशांत चंद्रमा बेचैनी, मूड स्विंग और भावनात्मक अस्थिरता का कारण बनता है।
उपाय:

  • सोमवार का व्रत लाभ देता है।
  • रात को चांदनी में थोड़ी देर ध्यान करें।
  • दूध, चावल या सफेद वस्त्र का दान करें—यह मन को शांत करता है।
  • जल के पास समय बिताने से भी मानसिक संतुलन बढ़ता है।

3. मंगल के लिए उपाय

कमजोर मंगल गुस्सा, थकान और ऊर्जा की कमी ला सकता है।
उपाय:

  • मंगलवार को हनुमान चालीसा का पाठ करें।
  • लाल मसूर दान करें।
  • नियमित व्यायाम मंगल की शक्ति बढ़ाता है।
  • छोटे भाई-बहनों की मदद मंगल दोष को शांत करती है।

4. बुध के लिए उपाय

बुध दोष होने पर गलतफहमियां, संचार में रुकावट और मानसिक तनाव बढ़ सकता है।
उपाय:

  • बुधवार को गणेश जी की पूजा करें।
  • ‘बुध बीज मंत्र’ का जाप करें।
  • हरी सब्जियों का दान लाभकारी है।
  • डायरी लिखने और सोच-समझकर बोलने की आदत बुध को मजबूत करती है।

5. गुरु के लिए उपाय

गुरु कमजोर हो तो करियर में रुकावट और धन संबंधी परेशानियां हो सकती हैं।
उपाय:

  • गुरुवार को हल्दी, चने की दाल या किताबें दान करें।
  • पीले वस्त्र पहनें।
  • गुरु पूजा करें और विद्वानों का सम्मान बढ़ाएं।

6. शुक्र के लिए उपाय

अस्थिर शुक्र रिश्तों में तनाव और व्यक्तिगत संतुष्टि की कमी ला सकता है।
उपाय:

  • शुक्रवार को लक्ष्मी पूजा करें।
  • सफेद फूल चढ़ाएं और शुक्र मंत्र का जाप करें।
  • इच्छाओं पर संयम रखें और रिश्तों में कृतज्ञता बढ़ाएं—इससे शुक्र संतुलित होता है।

7. शनि के लिए उपाय

शनि को अक्सर भय से जोड़ दिया जाता है, जबकि वह जीवन में अनुशासन और स्थिरता का ग्रह है।
उपाय:

  • शनिवार को तिल के तेल का दीपक जलाएं।
  • काले कपड़े या तिल का दान करें।
  • कौवों को भोजन कराएं।
  • मजदूरों और जरूरतमंदों की मदद शनि की कृपा दिलाती है।

Amavasya 2026 Dates: पहली अमावस्या कब है? 2026 की सभी अमावस्या तिथियाँ, महत्व और गंगा स्नान का फल