बिरकोनी औद्योगिक क्षेत्र में संयुक्त जांच, सुरक्षा व श्रम कानूनों की अनदेखी पर कंपनियों को नोटिस

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महासमुंद. कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी विनय कुमार लंगेह के निर्देश पर बिरकोनी औद्योगिक क्षेत्र में औद्योगिक इकाइयों की सघन जांच की गई। इस कार्रवाई के तहत जिला स्तरीय संयुक्त निरीक्षण दल ने श्रमिक सुरक्षा, अग्नि सुरक्षा और श्रम कानूनों के पालन की वास्तविक स्थिति का जायजा लिया।

न्यूट्रीक्राफ्ट इंडिया प्राइवेट लिमिटेड में खामियां उजागर

निरीक्षण के दौरान मेसर्स न्यूट्रीक्राफ्ट इंडिया प्राइवेट लिमिटेड, बिरकोनी की जांच की गई।

  • जिला व्यापार एवं उद्योग केन्द्र की जांच में कोई वित्तीय या औद्योगिक अनियमितता नहीं पाई गई।
  • वहीं औद्योगिक स्वास्थ्य एवं सुरक्षा विभाग ने पाया कि श्रमिकों को आवश्यक सुरक्षा उपकरण उपलब्ध नहीं कराए गए,
    अग्नि सुरक्षा संसाधनों का अभाव था और सुरक्षा सूचना बोर्ड भी प्रदर्शित नहीं थे।

इन गंभीर लापरवाहियों को देखते हुए प्रबंधन को नोटिस जारी करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।

श्रम कानूनों के उल्लंघन पर सख्त कार्रवाई

श्रम विभाग द्वारा कई महत्वपूर्ण अधिनियमों के तहत जांच की गई, जिनमें शामिल हैं:

  • संविदा श्रमिक अधिनियम, 1970
  • न्यूनतम वेतन अधिनियम, 1948
  • समान पारिश्रमिक अधिनियम, 1976
  • वेतन भुगतान अधिनियम, 1936

महिला सुरक्षा कानून का उल्लंघन

निरीक्षण में यह भी सामने आया कि कार्यस्थल पर महिलाओं के लैंगिक उत्पीड़न से संरक्षण अधिनियम, 2013 के अंतर्गत आंतरिक परिवाद समिति का गठन नहीं किया गया था।
इस पर तत्काल संज्ञान लेते हुए मौके पर ही समिति का गठन कराया गया।

इसके अलावा:

  • ओवरटाइम कराया गया, लेकिन उसका कोई रिकॉर्ड उपलब्ध नहीं था
  • सूचना बोर्ड एवं आवश्यक रजिस्टर भी प्रदर्शित नहीं थे

इन सभी बिंदुओं पर प्रबंधन और संबंधित ठेकेदार को नोटिस जारी किया जा रहा है।

जमा इंडस्ट्रीज प्रा.लि. में भी मिली लापरवाही

संयुक्त टीम ने मेसर्स जमा इंडस्ट्रीज प्रा.लि., बिरकोनी औद्योगिक क्षेत्र का भी निरीक्षण किया।

  • औद्योगिक स्वास्थ्य एवं सुरक्षा विभाग ने यहां भी श्रमिकों को सुरक्षा उपकरण उपलब्ध नहीं कराने की पुष्टि की।
  • जिला व्यापार एवं उद्योग केन्द्र की जांच में कोई औद्योगिक अनियमितता नहीं मिली।

बाल श्रम कानून की अनदेखी

श्रम विभाग की जांच में:

  • बाल श्रम निषेध बोर्ड प्रदर्शित नहीं पाया गया
  • ओवरटाइम कार्य का रिकॉर्ड प्रस्तुत नहीं किया गया

इन उल्लंघनों को लेकर संबंधित प्रबंधन और ठेकेदार के विरुद्ध नोटिस जारी करने की कार्रवाई की जा रही है।

प्रशासन का सख्त संदेश

प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि श्रमिकों की सुरक्षा, महिला सम्मान और श्रम कानूनों का पालन अनिवार्य है। नियमों की अनदेखी करने वाली औद्योगिक इकाइयों पर आगे भी कड़ी कार्रवाई जारी रहेगी।

संयुक्त निरीक्षण टीम में ये अधिकारी रहे शामिल

इस निरीक्षण अभियान में

प्रबंधक, जिला व्यापार एवं उद्योग केन्द्र शशिकांत सिंह, सहायक संचालक, औद्योगिक स्वास्थ्य एवं सुरक्षा दिशा शुक्ला. श्रम पदाधिकारी डी.एन. पात्र, श्रम उप निरीक्षक बेलारसन बघेल सहित श्रम विभाग के अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।

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