शनिश्चरी अमावस्या 2026: शनि जयंती के दुर्लभ संयोग में करें ये उपाय, दूर होंगे कष्ट और मिलेगा सुख-समृद्धि

शनिश्चरी अमावस्या 2026: जब जीवन में बिना कारण रुकावटें आने लगें या मेहनत के बावजूद सफलता न मिले, तो लोग अक्सर शनि देव के प्रभाव के बारे में सोचने लगते हैं। शनि की साढ़ेसाती और

Written by: Admin

Published on: April 15, 2026

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शनिश्चरी अमावस्या 2026: जब जीवन में बिना कारण रुकावटें आने लगें या मेहनत के बावजूद सफलता न मिले, तो लोग अक्सर शनि देव के प्रभाव के बारे में सोचने लगते हैं। शनि की साढ़ेसाती और ढैय्या का नाम सुनते ही मन में चिंता होना स्वाभाविक है। ऐसे में शनिश्चरी अमावस्या एक विशेष अवसर लेकर आती है, जिसे ज्योतिष शास्त्र में अत्यंत प्रभावशाली माना गया है।

Shanishchari Amavasya
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शनिश्चरी अमावस्या 2026: क्या है शनिश्चरी अमावस्या का महत्व?

अमावस्या तिथि अपने आप में ही पूजा, साधना और पितरों के स्मरण के लिए महत्वपूर्ण मानी जाती है। लेकिन जब यह तिथि शनिवार को पड़ती है, तो इसका प्रभाव कई गुना बढ़ जाता है। इस दिन श्रद्धा और सच्चे मन से किए गए छोटे-छोटे उपाय भी शनि दोष, साढ़ेसाती और ढैय्या के प्रभाव को कम करने में सहायक माने जाते हैं।

शनिश्चरी अमावस्या 2026: बन रहा है दुर्लभ संयोग

साल 2026 की शनिश्चरी अमावस्या खास इसलिए है क्योंकि इसी दिन शनि जयंती भी मनाई जाएगी। यह एक दुर्लभ संयोग है, जो कई वर्षों बाद बनता है। ज्योतिष के अनुसार, इस दिन किए गए पूजा-पाठ और उपायों का फल सामान्य दिनों की तुलना में कई गुना अधिक मिलता है।

कब है शनिश्चरी अमावस्या 2026?

पंचांग के अनुसार, 2026 में शनिश्चरी अमावस्या 16 मई को पड़ रही है। इसी दिन पूरे देश में शनि जयंती भी मनाई जाएगी।

किन राशियों पर है शनि का प्रभाव?

वर्तमान ग्रह स्थिति के अनुसार कुछ राशियों पर शनि का विशेष प्रभाव बना हुआ है:

  • शनि की ढैय्या: सिंह और धनु राशि
  • शनि की साढ़ेसाती: कुंभ, मीन और मेष राशि

इन राशियों के लिए यह दिन विशेष रूप से लाभकारी माना गया है।

शनिश्चरी अमावस्या 2026: साढ़ेसाती और ढैय्या से राहत के उपाय

  • सूर्यास्त के बाद पीपल के पेड़ के नीचे सरसों के तेल का दीपक जलाएं और उसमें काले तिल डालें।
  • स्नान के बाद शांत मन से शनि चालीसा का पाठ करें या “ॐ शं शनैश्चराय नम:” मंत्र का 108 बार जाप करें।
  • जरूरतमंद लोगों को काले वस्त्र, काली उड़द, लोहे का सामान, छाता या जूते-चप्पल दान करें।
  • काले कुत्ते को तेल लगी रोटी खिलाएं और कौओं को दाना डालें।

शनिश्चरी अमावस्या 2026 केवल एक धार्मिक तिथि नहीं, बल्कि जीवन की बाधाओं को दूर करने का एक महत्वपूर्ण अवसर है। यदि इस दिन श्रद्धा, संयम और सही विधि से उपाय किए जाएं, तो शनि के अशुभ प्रभावों को काफी हद तक कम किया जा सकता है और जीवन में सकारात्मक बदलाव लाया जा सकता है।

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