रायगढ़ में श्रमिक सुरक्षा पर सख्ती: 6 औद्योगिक इकाइयों पर लाखों का जुर्माना, श्रम न्यायालय का बड़ा फैसला

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रायपुर. रायगढ़ जिले में श्रमिकों के स्वास्थ्य एवं सुरक्षा मानकों की अनदेखी करने वाली 6 औद्योगिक इकाइयों के खिलाफ श्रम न्यायालय ने सख्त फैसला सुनाया है। दर्ज आपराधिक प्रकरणों में सभी संबंधित इकाइयों के अधिभोगियों और प्रबंधकों को लाखों रुपये के अर्थदंड से दंडित किया गया है। यह कार्रवाई जिले में औद्योगिक दुर्घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने और श्रमिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से की गई है।

कलेक्टर के निर्देशन में सतत निगरानी और निरीक्षण

कलेक्टर मयंक चतुर्वेदी के निर्देशन में रायगढ़ जिले में औद्योगिक स्वास्थ्य एवं सुरक्षा से जुड़े मामलों की लगातार निगरानी की जा रही है। विभिन्न औद्योगिक इकाइयों में घटित दुर्घटनाओं के बाद किए गए निरीक्षणों में गंभीर अनियमितताएं और सुरक्षा मानकों का उल्लंघन सामने आया। इसके आधार पर उप संचालक, औद्योगिक स्वास्थ्य एवं सुरक्षा, रायगढ़ द्वारा कारखाना अधिनियम 1948, छत्तीसगढ़ कारखाना नियमावली 1962 तथा भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार अधिनियम 1996 एवं नियम 2008 के तहत वैधानिक कार्रवाई की गई।

इन औद्योगिक इकाइयों पर लगा भारी जुर्माना

निरीक्षण के बाद 6 औद्योगिक इकाइयों के विरुद्ध 6 आपराधिक प्रकरण श्रम न्यायालय रायगढ़ में प्रस्तुत किए गए। सुनवाई के पश्चात दोष सिद्ध होने पर मेसर्स जिंदल स्टील एंड पावर लिमिटेड (1 एमपीए स्लैग ग्राइंडिंग यूनिट), खरसिया रोड के अधिभोगी सब्यसाची बन्योपाध्याय और कारखाना प्रबंधक अमरेश पांडे को अलग-अलग 1.50 लाख रुपये के अर्थदंड से दंडित किया गया। मेसर्स नलवा स्पेशल स्टील लिमिटेड, ग्राम तराईमाल में सुरक्षा प्रावधानों की अनदेखी पर अधिभोगी सरदार सिंह राठी और कारखाना प्रबंधक रविन्द्र सिंह चौहान को 1.40 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया।

एक ही इकाई में दो अलग-अलग प्रकरण

मेसर्स सिंघल स्टील एंड पावर लिमिटेड, ग्राम तराईमाल में भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार अधिनियम के उल्लंघन पर संचालक विनय कुमार शर्मा और ठेकेदार अजय कुमार दास पर 6-6 हजार रुपये का अर्थदंड लगाया गया। इसी इकाई में कारखाना अधिनियम से जुड़े एक अन्य प्रकरण में अधिभोगी विनय कुमार शर्मा और कारखाना प्रबंधक जी.के. मिश्रा को कुल 2.80 लाख रुपये के अर्थदंड से दंडित किया गया।

अन्य इकाइयों पर भी सख्त कार्रवाई

मेसर्स एनआरव्हीएस स्टील्स लिमिटेड, ग्राम तराईमाल में अधिभोगी एवं कारखाना प्रबंधक पवन अग्रवाल को 1.60 लाख रुपये तथा मेसर्स एन.आर. इस्पात एंड पावर प्रा.लि., ग्राम गौरमुड़ी, पोस्ट सराईपाली में अधिभोगी एवं कारखाना प्रबंधक मोहित कुमार मिश्रा को भी 1.60 लाख रुपये के अर्थदंड से दंडित किया गया है।

प्रशासन का स्पष्ट संदेश

कलेक्टर मयंक चतुर्वेदी ने स्पष्ट कहा है कि औद्योगिक इकाइयों में कार्यरत श्रमिकों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है। सुरक्षा मानकों की अनदेखी करने वाली किसी भी इकाई को बख्शा नहीं जाएगा और भविष्य में भी इस प्रकार की कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।

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