आज का पंचांग 17 जनवरी 2026: माघ कृष्ण चतुर्दशी, राहुकाल, शुभ-अशुभ मुहूर्त और चंद्र राशि का संपूर्ण विवरण
आज का पंचांग 17 जनवरी 2026: आज शनिवार, 17 जनवरी 2026 को माघ कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी तिथि है। विक्रम संवत 2082 कालयुक्त, शक संवत 1947 विश्वावसु तथा राष्ट्रीय शक कैलेंडर के अनुसार पौष मास की तिथि मानी जा रही है। धार्मिक दृष्टि से यह दिन साधना, जप और शनिदेव की आराधना के लिए विशेष महत्व रखता है।
तिथि, पक्ष और संवत विवरण
कृष्ण पक्ष चतुर्दशी तिथि 16 जनवरी रात 10:22 बजे से 18 जनवरी रात 12:04 बजे तक रहेगी, इसके बाद अमावस्या आरंभ होगी। अमांत मास पौष तथा पूर्णिमांत मास माघ है। वैदिक ऋतु हेमंत और द्रिक ऋतु शिशिर मानी जा रही है।
नक्षत्र और योग का प्रभाव
आज प्रातः 8:12 बजे तक मूल नक्षत्र रहेगा, इसके बाद पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र आरंभ होगा। योग की बात करें तो व्याघात योग रात्रि 9:17 बजे तक रहेगा, इसके बाद हर्षण योग बनेगा। मूल नक्षत्र गण्डमूल की श्रेणी में आता है, इसलिए विशेष कार्यों में सावधानी रखने की सलाह दी जाती है।
करण और वार का महत्व
विष्टि करण सुबह 11:16 बजे तक रहेगा, इसके बाद शकुनि करण रात 12:04 बजे तक और फिर चतुष्पद करण लगेगा। शनिवार का दिन होने से शनिदेव से जुड़े कार्य, दान और सेवा विशेष फलदायी माने जाते हैं।
सूर्य और चंद्रमा की स्थिति
सूर्योदय सुबह 7:14 बजे और सूर्यास्त शाम 5:59 बजे होगा। चंद्रमा का उदय सुबह 6:02 बजे और अस्त शाम 4:41 बजे होगा। सूर्य मकर राशि में स्थित है जबकि चंद्रमा पूरे दिन-रात धनु राशि में संचार करेगा।
अशुभ काल का समय
आज राहुकाल सुबह 9:55 बजे से 11:16 बजे तक रहेगा। यमगण्ड दोपहर 1:57 से 3:18 बजे तक, कुलिक काल सुबह 7:14 से 8:35 बजे तक और दुर्मुहूर्त 8:40 से 9:23 बजे तक रहेगा। वर्ज्यम काल सुबह 6:25 से 8:11 बजे तक और शाम 6:36 से 8:20 बजे तक रहेगा।
शुभ मुहूर्त और लाभकारी समय
अभिजीत मुहूर्त दोपहर 12:15 से 12:58 बजे तक रहेगा, जो महत्वपूर्ण कार्यों के लिए उत्तम माना जाता है। अमृत काल सुबह 5:05 से 6:49 बजे तक और ब्रह्म मुहूर्त 5:37 से 6:25 बजे तक रहेगा, जो ध्यान, पूजा और आत्मिक साधना के लिए श्रेष्ठ है।