महासमुंद. जमीन फेंसिंग तार लगाने को लेकर हुए विवाद के दौरान दो पक्षों के बीच विवाद और मारपीट की घटना में सिटी कोतवाली थाने में अलग-अलग मामला दर्ज कर विवेचना में लिया गया है।
पुलिस ने बताया कि बिरकोनी निवासी मेडिकल संचालक लोकेश अग्रवाल 02 अक्टूबर की शाम 5.15 बजे मेडिकल स्टोर से लगी जमीन पर मजदूरों से फेंसिंग तार लगवा रहा था, तभी गांव का गोवर्धन चंद्राकर आया और यहां पर फेंसिंग क्यों लगा रहे हो कहकर वाद विवाद करने लगा और गांव के पूर्व सरपंच ताम्रध्वज निषाद एवं सरपंच चंदन चंद्राकर एवं अन्य पंचगणों को बुला लिया। सभी लोगों ने उक्त भूमि को सार्वजनिक भूमि होना बताया, इस पर प्रार्थी ने कहा कि यह मेरी निजी जमीन है। इस पर सरपंच चंदन चंद्राकर गाली गलौज करने लगा और ताम्रध्वज निषाद ने हाथ मुक्का से मारपीट की। बीच बचाव करने आई प्रार्थी की मां ममता अग्रवाल के साथ भी गाली गलौज कर धक्का दिया गया और उसी समय सरपंच द्वारा जेसीबी बुलाकर फेंसिंग तार को हटाया गया। मामले की रिपोर्ट पर आरोपियों के विरूद्ध धारा 115(2), 296, 3(5) बीएनएस के तहत अपराध दर्ज किया गया है।
वहीं दूसरे पक्ष के ताम्रध्वज निषाद ने बताया कि 02 दिसंबर को शाम करीब 05 बजे सरपंच चंदन चंद्राकर से सूचना मिला कि ग्राम बिरकोनी स्थित सार्वजनिक भूमि पर लोकेश मेडिकल के संचालक लोकेश अग्रवाल द्वारा मजदूरों से फेंसिंग तार लगाया जा रहा था। उक्त स्थान पर गांव के गोवर्धन चंद्राकर द्वारा सार्वजनिक भूमि पर फेंसिंग लगाने से मना किया गया, लेकिन नहीं मानने पर गांव के सरपंच एवं अन्य पंच को मौके पर आए। वहां पर सरपंच चंदन चंद्राकर द्वारा लोकेश अग्रवाल एवं उसकी मां ममता अग्रवाल को सार्वजनिक भूमि पर फेंसिंग लगाने से मना किया, इस पर लोकेश अग्रवाल सरपंच चंदन चंद्राकर को गाली देते हुए मारपीट करने लगा। जब प्रार्थी ने बीच बचाव किया तब ममता अग्रवाल ने पीछे से आकर मारपीट की। मामले की रिपोर्ट पर आरोपियों के विरूद्ध धारा 115(2), 296, 3(5) बीएनएस के तहत जुर्म दर्ज किया गया है।






