छत्तीसगढ़ में चक्रवात और भारी बारिश का साया, स्कूलों में छुट्टी को लेकर जिला कलेक्टरों को मिले विशेष अधिकार

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रायपुर. छत्तीसगढ़ में मौसम का मिजाज बदलने लगा है। चक्रवात (साइक्लोन) के संभावित प्रभाव और भारी बारिश की आशंका को देखते हुए राज्य शासन ने विद्यार्थियों की सुरक्षा को सबसे ऊपर रखा है। स्कूली बच्चों की सुरक्षा को सुनिश्चित करने के लिए स्कूल शिक्षा विभाग ने एक बड़ा और अहम कदम उठाया है।

स्कूल शिक्षा विभाग की ओर से जारी आधिकारिक दिशा-निर्देशों के अनुसार, प्रदेश के सभी जिलों के जिला कलेक्टरों को स्थानीय मौसम की स्थिति और जमीनी हालात का आकलन करने के बाद स्कूलों में अवकाश घोषित करने के पूर्ण अधिकार दे दिए गए हैं। यह आदेश उप सचिव, स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा जारी किया गया है, जिसके तहत प्रशासन किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए पूरी तरह मुस्तैद नजर आ रहा है।

शासकीय और अशासकीय, दोनों विद्यालयों पर लागू होगा निर्णय

इस विशेष आदेश की सबसे बड़ी खूबी यह है कि इसके दायरे में केवल सरकारी स्कूल ही नहीं, बल्कि सभी निजी और अशासकीय विद्यालय (Private Schools) भी शामिल किए गए हैं। यानी मौसम के हालात बिगड़ने पर जिला प्रशासन द्वारा लिया गया अवकाश का निर्णय जिले के सभी स्कूलों पर एक समान रूप से लागू होगा।

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मौसम विभाग की चेतावनी और बच्चों की सुरक्षा

मौसम विभाग द्वारा लगातार जारी की जा रही चेतावनियों के मुताबिक, प्रदेश के कई हिस्सों में चक्रवात के कारण भारी वर्षा और तेज हवाएं चलने की प्रबल आशंका जताई गई है। तेज हवाओं और जलभराव की स्थिति में बच्चों को स्कूल आने-जाने के दौरान किसी प्रकार की असुविधा या खतरे का सामना न करना पड़े, इसी को ध्यान में रखते हुए यह एहतियाती कदम उठाया गया है।

राज्य शासन ने स्पष्ट किया है कि कलेक्टर अपने-अपने जिलों की भौगोलिक स्थिति और मौसम के गंभीर तेवरों को देखते हुए बिना किसी देरी के त्वरित निर्णय ले सकेंगे, ताकि छात्र-छात्राओं की सुरक्षा हर हाल में सुनिश्चित की जा सके। खबरें पढ़ने के लिए विजिट करें babapost.in पर।

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