महासमुंद. घर में घूसकर धारदार हथियार से हत्याकर मोबाईल चोरी कर ले जाने के मामले में अपराध दोष सिद्ध होने पर सत्र न्यायाधीश अनिता डहरिया ने पटेवा थाना क्षेत्र के ग्राम झाखड़मुड़ा निवासी 22 वर्षीय जीतराम निर्मलकर पिता रामनारायण निर्मलकर को भारतीय न्याय संहिता की धारा 103 (1) के तहत उम्रकैद की सजा सुनाई और 1 हजार रुपए के अर्थदंड से दंडित किया। अर्थदंड की राशि नहीं पटाने पर 2 माह का अतिरिक्त दंड भुगतना होगा। इसी तरह धारा 332 (क) व धारा 305 (क) के तहत भी 3-3 वर्ष के सश्रम कारावास और 5-5 सौ रुपए के अर्थदंड से दंडित किया है। अर्थदंड की राशि नही पटाए जाने पर एक-एक माह का कठोर कारावास पृथक से भुगताए जाएगा। सभी सजाएं साथ साथ चलेगी।
अभियोजन के अनुसार पटेवा थाना में आरती निषाद ने रिपोर्ट दर्ज कराई कि 29 अक्टूबर 24 की रात करीब 3 बजे उसके पिता रामप्रसाद ने फोन कर सूचित किया कि तुम्हारी मां खीरबाई उर्फ राजकुमारी पटेल की मृत्यु हो गई है। सूचना पर अपने पति ओंकार निषाद के साथ रायमुड़ा पहुंची तो उसकी मां परछी में रखे खाट पर मृत अवस्था में पड़ी थी। गले के बाएं ओर किसी धारदार हथियार से गहरे चोट निशान दिख रहा था पूछने पर उसके पिता ने बताया कि 28 अक्टूबर की रात वह खाना खाने के बाद साढ़े 10 बजे बस्ती तरफ चला गया था। रात्रि डेढ बजे घर वापस आया तो खीरबाई बिस्तर में मृत पड़ी थी। शिकायत पर पुलिस ने मर्ग कायम कर विवेचना में लिया।
विवेचना के दौरान जानकारी हुई कि मृतका का मोबाइल अरसद खान के पास 2 हजार रुपए में जीतराम निर्मलकर ने गिरवी रखा है। इसके बाद जीतराम से पूछताछ की गई तो उसने थाना पटेवा में बताया कि खीरबाई की हत्या उसने लोहे के कत्तल मार कर दिया है तथा मोबाइल व पैसे ले गया था। विवेचना उपरांत मामला कोर्ट को सौपा गया था। अभियोजन की ओर से लोक अभियोजनक संजय गिरि ने पैरवी की।







