महासमुंद. शराब मामले के आरोपियों को पकड़ने गई पुलिस टीम पर पटेवा थाना क्षेत्र के ग्राम पचरी में जानलेवा हमला किए जाने का मामला सामने आया है। इस घटना में सांकरा टीआई, प्रधान आरक्षक, महिला आरक्षक समेत कई लोगों को गंभीर चोटें आई है। मामले में आरोपियों के विरूद्ध पटेवा थाने में शासकीय कार्य में बाधा पहुंचाने समेत कई धाराओं में अपराध दर्ज कर विवेचना में लिया गया है। पूरे मामले को लेकर सांकरा टीआई उत्तम तिवारी ने पटेवा थाने में एफआईआर दर्ज कराई है।

एफआईआर में टीआई ने बताया है कि वे 11 अप्रैल को वरिष्ठ अधिकारियों के मौखिक आदेश पर थाना पटेवा के अपराध क्रमांक 37/2026 धारा 34(2) आबकारी एक्ट के फरार आरोपियों के गिरफ्तारी हेतु थाना सांकरा के आरक्षक 134 अभिषेक राज दीपक के साथ थाना पटेवा पहुंचे। जहां से थाना पटेवा से निरीक्षक उमेश वर्मा के सहयोगी, रक्षित केंद्र महासमुंद, एसडीओपी कार्यालय महासमुंद, एसडीओपी कार्यालय पिथौरा, थाना अजाक, थाना तुमगांव उपरोक्त सभी कर्मचारी पुलिस लाईन से आए।
इसके बाद पुलिस टीम फरार आरोपी विजय मार्कंडेय एवं विनोद मार्कंडेय ग्राम पचरी थाना पटेवा जिला महासमुंद की गिरफ्तारी हेतु रवाना हुए थे। ग्राम पचरी में आरोपी के घर करीबन 6 से 7 बजे के मध्य पहुंचने पर दोनों आरोपी विजय मार्कंडेय एवं विनोद मार्कंडेय पुलिस बल को देखकर भागने का प्रयास करने लगे जिन्हें घेराबंदी कर अभिरक्षा में लिया गया। लेकिन जैसे ही उन्हें शासकीय वाहन में बिठाने का प्रयास किया गया तो दोनों आरोपी अपनी गिरफ्तारी की विरोध करते हुए पुलिस पार्टी के साथ गाली गलौच करते हुए, हाथ मुक्का से मारपीट करने लगे। साथ ही आसपड़ोस के लोगों एवं अपने रिश्तेदारजन को जोर-जोर से चिल्लाकर पुलिस पार्टी पर हमला करने के लिये उकसाने लगे, आरोपियों के उकसावे में आकर उनके रिश्तेदार बहन हेमा, पिता छगन, चाचा गुलशन, दादी लीलाबाई, दादा गजेंद्र, विजय की पत्नी ज्योति, रिश्तेदार लक्की मार्कंडेय एवं अन्य आस-पडोस के लोग एवं अन्य रिश्तेदारजन एक साथ मिलकर गिरफ्तारी का विरोध करते हुए आरोपियों को बचाने एवं भगाने के लिये लाठी डंडा एवं छड़ के टुकडे से सुसज्जित होकर व गली में पडे हुए ईंट, पत्थर के टुकड़ों से मौके पर उपस्थित सभी बल के उपर जानलेवा हमला करने लगे।
टीआई ने एफआईआर में बताया कि आरोपी एवं उनके रिश्तेदारों के द्वारा लाठी डंडा, छड के टुकड़े व ईट-पत्थर के टुकड़ों से प्राणघातक हमला करने से उसके सिर में, गले में, बाये सीने में गंभीर चोंट आई। वहं प्रआर. 178 अशवंत मन्नाडे, महिला आरक्षक 439, 1031, 1035, आर. 143, 684 को भी शरीर के विभिन्न हिस्सों में गंभीर चोंटे आई, इसके बाद जब आरोपियों को लेकर जब पुलिस की वाहन मौके से निकलने लगी, तब आरोपी के परिवार वाले चारों तरफ से ईंट-पत्थर फेंक कर मारने लगे तथा आरोपी की बहन हेमा उसी दौरान पुलिस वाहन के सामने आकर रोड में लेट गयी। इसी बीच आरोपियों के रिश्तेदारजन के द्वारा फेंक कर मारे जा रहे ईट एवं पत्थर से हेमा के सिर में भी चोंट लगी। थाना पटेवा का हाईवे पेट्रोलिंग वाहन क्रमांक सीजी 03- 6100 का पीछे का कांच फूट गया। पुलिस पार्टी में उपस्थित महिला आरक्षकों के द्वारा हेमा को उठाकर उसे सुरक्षित स्थान पर छोडा गया। वहीं पुलिस बल काफी मशक्कत के बाद आरोपियों को लेकर वापस थाना पटेवा पहुंची।
रिपोर्ट पर पटेवा आरोपी विजय मार्कंडेय, विनोद मार्कंडेय व उसके रिश्तेदारजन के खिलाफ शासकीय कार्य में बाधा पहुंचाते हुए पुलिस पार्टी पर जानलेवा हमला कर गंभीर चोंट पहुंचाने के मामले में धारा 109(1), 115(2), 121(1), 132, 190, 191(2), 191(3), 221, 296, 324(3), 351(2) बीएनएस के तहत अपराध दर्ज कर विवेचना में लिया गया है।
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