उत्तर बस्तर कांकेर. जिले में मौसम के बदलते मिजाज और चक्रवाती तूफान के गंभीर खतरे को देखते हुए जिला प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद हो गया है। मौसम विभाग की चेतावनियों के बीच किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए जिला प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाते हुए सभी विभागों के अधिकारियों और कर्मचारियों की छुट्टियों पर आगामी आदेश तक पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया है।
चक्रवाती तूफान और भारी बारिश की चेतावनी
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार, चक्रवाती तूफान के प्रभाव से 27 से 29 अक्टूबर तक कांकेर जिले में भारी से अति भारी वर्षा होने की प्रबल संभावना है। इस दौरान तेज हवाएं चलने और मौसम के बिगड़े मिजाज से जनजीवन प्रभावित हो सकता है। संभावित आपदा की स्थिति में किसी भी तरह की प्रशासनिक चूक से बचने और त्वरित राहत कार्यों को अंजाम देने के उद्देश्य से यह अहम कदम उठाया गया है।
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कलेक्टर कुन्दन कुमार के सख्त निर्देश
जिला कलेक्टर कुन्दन कुमार द्वारा जारी किए गए नए आदेश के तहत, जिले के सभी संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों को अपने-अपने निर्धारित मुख्यालय में अनिवार्य रूप से उपस्थित रहना होगा। प्रशासनिक नियमों के मुताबिक:
- बिना कलेक्टर की पूर्व अनुमति के कोई भी अधिकारी या कर्मचारी अवकाश पर नहीं जा सकेगा।
- बिना आधिकारिक मंजूरी के मुख्यालय छोड़ने पर पूरी तरह पाबंदी लगा दी गई है।
- बेहद अत्यावश्यक और गंभीर परिस्थितियों में ही अवकाश या मुख्यालय छोड़ने की विशेष अनुमति मिल सकेगी, जिसके लिए पहले से आवेदन और स्वीकृति जरूरी होगी।
राहत और बचाव कार्यों के लिए प्रशासनिक तत्परता
संभावित आपदा, जलभराव या अन्य आपातकालीन परिस्थितियों में प्रभावितों तक तुरंत राहत और बचाव दल पहुंचाने के लिए प्रशासनिक अमले को पूरी तरह तत्पर रहने के निर्देश दिए गए हैं। सभी अधिकारियों को चेतावनी दी गई है कि वे इन आदेशों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करें, क्योंकि किसी भी प्रकार की कोताही पर सख्त कार्रवाई की जा सकती है। यह आदेश तत्काल प्रभाव से पूरे जिले में लागू कर दिया गया है। babapost.in पर पढ़ें ज्योतिष से संबंधित लेख।

